रविवार, 5 फ़रवरी 2023

आईएसओ/आईईसी 17024:2012, अनुरूपता आकलन (मूल्यांकन) जागरूकता - व्यक्तियों का प्रमाणन - 02 - व्यक्तियों का प्रमाणन - परिभाषा और अवधारणा

आईएसओ/आईईसी 17024:2012, अनुरूपता आकलन (मूल्यांकन) जागरूकता - व्यक्तियों का प्रमाणन - 02

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व्यक्तियों का प्रमाणन - परिभाषा और अवधारणा 

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जब हम प्रमाणन की बात करते हैं तो हमें पता होना चाहिए कि व्यक्तियों के प्रमाणन का क्या मतलब है। व्यक्तियों का प्रमाणन तीसरे पक्ष का सत्यापन है कि एक व्यक्ति के पास नौकरी या विशिष्ट तरह का काम करने के लिए ज्ञान, कौशल, योग्यताएँ और दक्षताएँ हैं। आईएसओ/आईईसी टीएस 17027: व्यक्तियों के प्रमाणन के लिए प्रयुक्त व्यक्तियों की क्षमता से संबंधित अनुरूपता मूल्यांकन शब्दावली (ISO/ IEC TS 17027: Conformity Assessment Vocabulary related to competence of persons used for certification of persons) प्रमाणन को "तीसरे पक्ष के सत्यापन" के रूप में परिभाषित करता है और प्रमाणन की विशिष्ट अपेक्षाओं को पूरा करने के रूप में चर्चा करता है, जिन्हें व्यक्ति द्वारा प्रदर्शित किया (बताया) गया है। 


व्यक्तियों के प्रमाणन में निम्न प्रमुख अवधारणाएँ हैं -


- विशिष्ट कार्यों और नौकरी करने के लिए आवश्यक संबंधित ज्ञान, कौशल, योग्यताओं और दक्षताओं की पहचान,

- प्रणाली (पद्धति) यह आकलन कर सके कि क्या व्यक्ति के पास आवश्यक संबंधित ज्ञान, कौशल, योग्यताएँ और दक्षताएँ हैं; और

- जनता के लिए स्वतंत्र तृतीय पक्ष सत्यापन कि एक व्यक्ति ने सफलतापूर्वक प्रदर्शित किया है कि उसके पास परिभाषित संबंधित ज्ञान, कौशल, योग्यताएँ और दक्षताएँ हैं।


प्रथम पक्ष, द्वितीय पक्ष और तृतीय पक्ष - प्रमाणन निकाय के लिए

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प्रथम पक्ष प्रमाणीकरण - जब व्यक्तियों का प्रमाणन निकाय किसी मानक के लिए स्वयं को प्रमाणित और घोषित करता है।

द्वितीय पक्ष प्रमाणीकरण - जब कोई सलाहकार किसी मानक के लिए व्यक्तियों के प्रमाणन निकाय का मूल्यांकन / संपरीक्षा कर प्रमाणित करता है। 

तृतीय पक्ष प्रत्यायन - जब एक प्रत्यायन निकाय किसी मानक के लिए व्यक्तियों के प्रमाणन निकाय को मान्यता देता है।


प्रथम पक्ष, द्वितीय पक्ष और तृतीय पक्ष - व्यक्ति के लिए

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व्यक्ति का प्रथम पक्ष प्रमाणन - किसी योजना के लिए व्यक्ति स्वयं को योग्य घोषित करता है।

व्यक्ति का द्वितीय पक्ष प्रमाणन - किसी योजना के लिए जब कोई प्रशिक्षक या नियोक्ता व्यक्ति की योग्यता और क्षमता को प्रमाणित करता है।

व्यक्ति का तृतीय पक्ष प्रमाणन - जब व्यक्तियों के लिए प्रमाणन निकाय व्यक्ति को किसी योजना के लिए योग्य प्रमाणित करता है।


शेष फिर,


केशव राम सिंघल


प्रयुक्त शब्दावली 

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अनुरूपता = Conformity 

आकलन = मूल्यांकन = Assessment 

प्रमाणन = Certification 

प्रमाणन निकाय =Certification body 

सलाहकार = Consultant 

प्रत्यायन = Accreditation 

प्रत्यायन निकाय = Accreditation body 

प्रशिक्षक = Trainer  

नियोक्ता = Employer 

प्रथम पक्ष = First Party  

द्वितीय पक्ष = Second Party  

तृतीय पक्ष = Third Party 


शनिवार, 28 जनवरी 2023

आईएसओ/आईईसी 17024:2012, अनुरूपता आकलन (मूल्यांकन) जागरूकता - व्यक्तियों का प्रमाणन - 01 - परिचय - व्यक्तियों के प्रमाणन की आवश्यकता

 आईएसओ/आईईसी 17024:2012, अनुरूपता आकलन (मूल्यांकन) जागरूकता - व्यक्तियों का प्रमाणन - 01

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परिचय - व्यक्तियों के प्रमाणन की आवश्यकता

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हमारी दुनिया तेजी से अधिक वैश्विक होती जा रही है। ऐतिहासिक रूप से परिभाषित वैश्विक सीमाएँ तेजी से गायब हो रही हैं। प्रौद्योगिकी, वितरण प्रणाली और कार्यबल-गतिशीलता में तेजी से बदलाव ने उन प्रणालियों की आवश्यकता को बढ़ा दिया है जो योग्य व्यक्तियों और सेवाओं के अंतरराष्ट्रीय उपयोग को बढ़ावा देते हों। काफी समय से अंतरराष्ट्रीय मानकों की आवश्यकता महसूस की गई, जो लोगों  (कार्यबल) की शिक्षा और साख को संबोधित करते हों, जो ऐसी प्रणालियों का एक महत्वपूर्ण घटक हो।


कई कारकों ने अनेक उद्योगों में कर्मियों के लिए गुणवत्ता के अंतर्राष्ट्रीय मानकों को बनाने और विस्तारित करने में रुचि की मांग की, उदाहरण के लिए, चिकित्सा, वास्तुकला, कानून, और लेखांकन नई सेवा, वितरण तंत्र, टेली अभ्यास और आउटसोर्सिंग ने भौगोलिक सीमाओं को एक तरह से मिटा दिया है। जबकि परंपरागत रूप से पहले इन उद्योगों ने रोजगार और सेवाओं तक पहुँच को विशिष्ट भौगोलिक क्षेत्रों तक सीमित कर दिया था। इस मुद्दे पर जहाँ एक देश के निवासी को लाइसेंस या प्रमाणित होने की आवश्यकता है, अगर वह किसी दूसरे देश में एक परियोजना पर काम करना चाहता है, तो दुनिया भर में कई नियामक एजेंसियों और संघों द्वारा चर्चा की जा रही है। अधिक बिंदुओं पर चर्चा करने और निर्णय लेने की आवश्यकता है, जैसे कि किन मानकों या अपेक्षाओं (requirements) का पालन किया जाना है, सेवा की गुणवत्ता की निगरानी करने का अधिकार क्षेत्र किसके पास होना चाहिए और यह तय करना कि अनुपालन न होने पर अधिकार क्षेत्र किसके पास रहे।


वर्तमान में व्यापार संस्थाएँ, उद्योग और सरकारें विभिन्न प्रमाणन प्रणालियों के बीच अधिक पारदर्शिता बनाकर और योग्य व्यक्तियों की सुवाह्यता (portability) को बढ़ावा देकर सेवाओं में अंतर्राष्ट्रीय व्यापार को बढ़ाना चाहती हैं। अब व्यापार संस्थाएँ, उद्योग और सरकारें भी प्रभावित करने लगी हैं कि कैसे कॉलेजों और विश्वविद्यालयों को छात्रों को शिक्षित करना चाहिए। प्रमुख अपेक्षाएँ सामने आ रही है कि पेशेवरों को अब वैश्विक बाजार में प्रतिस्पर्धा करने के लिए शिक्षित किया जाना चाहिए।


कई देशों में प्रमाणन प्रणाली चिकित्सा डॉक्टरों, वकीलों और इंजीनियरों जैसे व्यवसायों के लिए बहुत अच्छी तरह से विकसित है लेकिन कार्यबल के अन्य घटकों के लिए कम विकसित है। कई देशों में रोजगार के लिए केवल यह आवश्यक है कि व्यक्ति ने अध्ययन का कोर्स पूरा किया हो या डिग्री अर्जित की हो। आर्थिक विकास पर व्यक्तियों के प्रमाणीकरण के सकारात्मक प्रभाव के कारण, कई देश इस बात की खोज कर रहे हैं कि व्यक्तियों (कार्यबल) के औपचारिक प्रमाणन प्रणाली को कैसे डिजाइन और कार्यान्वित किया जाए।


ISO/IEC 17024 अनुरूपता आकलन (मूल्यांकन) पर एक अंतरराष्ट्रीय मानक है जो व्यक्तियों के प्रमाणन का संचालन करने वाले निकायों के लिए सामान्य अपेक्षाएँ बताता है। इसे 2012 में अंतरराष्ट्रीय मानकीकरण संस्था (ISO) द्वारा विकसित और प्रकाशित किया गया था और 2018 में इस मानक की समीक्षा और पुष्टि की गई थी।


शेष फिर,

केशव राम सिंघल 

मंगलवार, 10 जनवरी 2023

संस्था का ISO 9000:2015 मानक से परामर्श क्यों?

संस्था का ISO 9000:2015 मानक से परामर्श क्यों?

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ISO 9000:2015, गुणवत्ता प्रबंधन प्रणाली - मौलिक और शब्दावली के लिए एक मानक है जिसे ISO/TC 176 द्वारा विकसित किया गया था।


ISO 9000:2015 मानक गुणवत्ता प्रबंधन की मूलभूत अवधारणाओं और सिद्धांतों का वर्णन करता है। यह शर्तें (और उनसे जुड़ी परिभाषाएँ) भी बताता है जो ISO तकनीकी समिति ISO/TC 176 द्वारा विकसित सभी गुणवत्ता प्रबंधन और गुणवत्ता प्रबंधन प्रणाली मानकों पर लागू होती हैं।


यह आवश्यक है कि ISO 9001 के उपयोगकर्ताओं को ISO 9001:2015 QMS मानक लागू करने से पहले ISO 9000 में दी गई मूलभूत अवधारणाओं और सिद्धांतों की समझ हो।


इसके अतिरिक्त, उपयोगकर्ताओं को यह जानने की आवश्यकता है कि आईएसओ 9001 में ऐसे कई शब्द और पद हैं जो दैनिक भाषा में परिचित लग सकते हैं, लेकिन जिनका मानक में एक बहुत विशिष्ट तकनीकी अर्थ है; इन्हें ISO 9000:2015 मानक के खंड 3 में औपचारिक रूप से परिभाषित किया गया है।


इसके अलावा, आईएसओ 9001 में ऐसे कई शब्द और पद हैं जिनके लिए एक औपचारिक परिभाषा नहीं बनाई गई है, लेकिन जिसके लिए एक विशिष्ट शब्दकोश परिभाषा लागू की गई है। उपयोगकर्ताओं की सहायता के लिए इन शब्दों की एक शब्दावली बनाई गई है।


गुणवत्ता प्रबंधन की मौलिक अवधारणाएं और सिद्धांत सार्वभौमिक रूप से निम्नलिखित पर लागू होते हैं:


- गुणवत्ता प्रबंधन प्रणाली के कार्यान्वयन के माध्यम से निरंतर सफलता चाहने वाली संस्थाएँ;


- अपनी आवश्यकताओं के अनुरूप उत्पादों और सेवाओं को लगातार प्रदान करने वाली संस्था की क्षमता में विश्वास चाहने वाले ग्राहक;


- अपनी आपूर्ति श्रृंखला में विश्वास चाहने वाली संस्थाएँ कि उनके उत्पाद और सेवा अपेक्षाओं को पूरा किया जाएगा;


- गुणवत्ता प्रबंधन में उपयोग की जाने वाली शब्दावली की एक सामान्य समझ के माध्यम से संचार में सुधार करने की मांग करने वाली संस्थाएँ और इच्छुक पार्टियां;


- आईएसओ 9001 की आवश्यकताओं के अनुरूप अनुरूपता मूल्यांकन करने वाली संस्थाएँ;


- गुणवत्ता प्रबंधन में प्रशिक्षण, मूल्यांकन या सलाह देने वाले;


- संबंधित मानकों को विकसित करने वाले डेवलपर्स।


इसलिए, आईएसओ 9001:2015 गुणता प्रबंधन पद्धति मानक को लागू करने वाली संस्थाओं को आईएसओ 9001:2015 गुणता प्रबंधन पद्धति मानक के साथ आईएसओ 9000:2015 मानक से परामर्श करना चाहिए और उसका संदर्भ लेना चाहिए, ताकि मानक अपेक्षाओं (आवश्यकताओं) के सही अर्थ और इरादे को समझा जा सके।


धन्यवाद,

केशव राम सिंघल 


गुणवत्ता = गुणता = Quality 

पद्धति = प्रणाली = System

गुरुवार, 22 दिसंबर 2022

संस्थाओं को ग्राहक केंद्रित होना चाहिए

संस्थाओं को ग्राहक केंद्रित होना चाहिए

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तुर्की के शहर इंस्तांबुल से दिल्ली आ रही एक फ्लाइट का वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है। इस वीडियो में एयर होस्टेस और एक यात्री के बीच भोजन को लेकर तीखी बहस हो रही है। एक जानकारी के मुताबिक यह वीडियो 16 नवंबर 2022 की है। इसमें बहस के दौरान एक पैसेंजर एयर होस्टेस से कहता है, "तुम यात्रियों की नौकर हो।" इसका जवाब देते हुए एयर होस्टेस कहती हैं, "मैं एक कर्मचारी हूँ, आपकी नौकर नहीं... मैं आपकी नौकर नहीं हूँ।" इस वीडियो को लेकर सोशल मीडिया पर यूजर्स की अलग-अलग प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है। मैं फिलहाल इस वीडियो की घटना पर कोई विशिष्ट जजमेंट नहीं देना चाहता और न ही यात्री के अशिष्ट बोलने को सहमति देना चाहता, पर अपने अनुभवों के आधार पर यह बताना चाहता हूँ कि संस्थाओं और उनके कर्मचारियों को ग्राहक केंद्रित और ग्राहकोन्मुख होना चाहिए। 








एक यात्री अपने लिए विमान के टिकट बुक कराते समय यात्रा के दौरान जैन लंच बुक करता है और यात्रा के दौरान उसे कहा जाता है कि जैन खाना तो उपलब्ध नहीं है, कुछ वैकल्पिक ले लो। यहाँ विमान कंपनी के लिए अपनी व्यवस्था (सिस्टम) को सुधारने कि जरुरत है। 


अवयस्क बेटी के बैंक-खाते के लिए उसकी माँ (जो खाता संचालित करती है और उस खाते में जॉइंट अकॉउंट होल्डर भी है) एटीएम कार्ड कि माँग करती है तो बैंक के कर्मचारी द्वारा उसे कहा जाता है कि अवयस्क के खातों में एटीएम देने की व्यवस्था नहीं है। जबकि रिजर्व बैंक के नियमों के अनुसार अवयस्क खातों में एटीएम दिया जा सकता है। यहाँ बैंक को अपनी व्यवस्था सुधारने की  जरुरत है। यदि सर्कुलर जारी करने की जरुरत है तो सर्कुलर जारी किया जाना चाहिए और समय-समय पर ऐसे छोटे-छोटे प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित करने चाहिए, जिससे बैंक कर्मचारियों कि जागरूकता बढे। 


बैंक का एक डिपोजिटर चाहता है कि उसकी जमा रसीद पर नामांकित व्यक्ति (Nominee) का नाम लिख दिया जाए और बैंक कर्मचारी ग्राहक को यह कहकर टाल देता है कि सिस्टम सपोर्ट नहीं करता नामांकित व्यक्ति (Nominee) का नाम छापना। यहाँ तथ्य यह है कि कर्मचारी की जानकारी में कमी है, जिसे सुधारने कि जरुरत है। यदि सर्कुलर जारी करने की जरुरत है तो सर्कुलर जारी किया जाना चाहिए और समय-समय पर ऐसे छोटे-छोटे प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित करने चाहिए, जिससे बैंक कर्मचारियों कि जागरूकता बढे। 


ग्राहक ईमेल से सम्प्रेषण भेजता है और बैंक द्वारा उसे न तो पावती दी जाती है और न ही कोई जवाब। यहाँ बैंक का रवैया किसी भी प्रकार से उचित नहीं कहा जा सकता। यहाँ बैंक को व्यवस्था सुधारने की जरुरत है। जैसे ही बैंक आईडी पर कोई ईमेल पहुँचे, उसके लिए स्वचालित पावती पावती-नंबर के साथ जारी होनी चाहिए जिसमें ग्राहक के ईमेल पर मामले से सम्बंधित जवाब देने  के लिए दिनों कि संख्या भी लिखी हो। बैंक का यह कदम निश्चित ही ग्राहक-सेवा में सुधार लाएगा। 


मैं एक ही बात फिर दोहराता हूँ - संस्थाओं को ग्राहक केंद्रित होना चाहिए। यदि ग्राहक पर ध्यान नहीं दिया गया तो निश्चित है कि संस्था का भविष्य भी अच्छा नहीं होगा। 


प्रसंगवश - आने वाला ज़माना Lean Banking का होगा और इस पर मैंने एक किंडल पुस्तक लिखी है "Future Banking Is Lean Banking" जिसे अमेजन से प्राप्त किया जा सकता है।  इस पुस्तक का ASIN ‏ नंबर ‎ B09FZ4FX33 है। Kindle Unlimited के सदस्य इस किंडल पुस्तक को निःशुल्क पढ़ सकते हैं।


सादर,

केशव राम सिंघल 


शुक्रवार, 16 दिसंबर 2022

आप अपनी संस्था में मजबूत प्रबंधन प्रणाली (Robust Management System) चाहते हैं?

आप अपनी संस्था में मजबूत प्रबंधन प्रणाली (Robust Management System) चाहते हैं?

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एक शीर्ष प्रबंधन अधिकारी ने एक प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान मुझसे पूछा, "हम एक मजबूत प्रबंधन प्रणाली (Robust Management System) कैसे प्राप्त कर सकते हैं।" 


"आप एक मजबूत प्रबंधन प्रणाली (Robust Management System) क्यों चाहते हैं," मैंने उनसे एक जवाबी सवाल किया। 


उन्होंने उत्तर दिया, "एक सफल संस्था बनने के लिए।" 


"तो, आपकी अपनी संस्था को लगातार सफलता प्राप्त करने की आवश्यकता है, जिसके लिए आप एक सीखने वाली संस्था (learning organization) के रूप में अपनी संस्था का निर्माण करते रहें," मैंने उसे सुझाव दिया। यह एक छोटी सी बातचीत थी, जो हमने की थी।


एक सीखने वाली संस्था अपनी प्रबंधन प्रणाली को मजबूत करेगा और सफल होने के लिए अपना मार्ग प्रशस्त करेगा। हमेशा अपनी संस्था की सीखने की क्षमता को अपने प्रतिस्पर्धियों (competitors) से तेज़ रखें।


याद रखें, सीखना एक सतत प्रक्रिया है। (Learning is a continuous process.) सीखने के लिए एक संस्था की प्रतिबद्धता और क्षमता उसके सदस्यों की तुलना में अधिक नहीं हो सकती है, यही कारण है कि कुछ संस्थाएँ अपने लोगों के विकास को प्रोत्साहित करती हैं, जिसका उन्हें दीर्घकालीन लाभ मिलता है। 


संस्था के वातावरण में निरंतर अनुकूलन और परिवर्तन संस्था के सीखने की दृष्टि पर निर्भर करता है। जब संस्था की एक दृष्टि होती है, तो संस्था में लोग उत्कृष्टता प्राप्त करते हैं और सीखते हैं, इसलिए नहीं कि उन्हें कहा जाता है, बल्कि इसलिए कि वे नया कुछ सीखना चाहते हैं। सीखने के माध्यम से हम खुद को पुनर्निर्मित (re-create) करते हैं। सीखने से हम वह करने में सक्षम हो जाते हैं जो हम पूर्व में कभी नहीं कर पाए।


एक 'सीखने वाली संस्था' का मूल अर्थ - एक ऐसी संस्था जो अपने भविष्य को बनाने के लिए लगातार अपनी क्षमता का विस्तार करती है। सीखना एक प्रक्रिया है जो परिवर्तन की ओर ले जाती है। परिवर्तन अनुभव के परिणामस्वरूप होता है और बेहतर प्रदर्शन और भविष्य में सीखने की संभावना को बढ़ाता है।


आपको इस पर अधिक विचार करना चाहिए कि आप अपनी संस्था को एक सीखने वाली संस्था बनाकर अपनी संस्था की प्रबंधन प्रणाली को कैसे मजबूत कर सकते हैं।


शुभकामनाएँ,

केशव राम सिंघल

शुक्रवार, 11 नवंबर 2022

जोखिम प्रबंधन पर जागरूकता लेख-श्रृंखला

जोखिम प्रबंधन पर जागरूकता लेख-श्रृंखला

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मैंने जोखिम प्रबंधन पर जागरूकता लेख-श्रृंखला हिंदी में लिखना प्रारम्भ किया है, जिसे मेरे ब्लॉग पर पढ़ा जा सकता है। ये लेख हिंदी में लिखे गए हैं, पर ब्लॉग में गूगल अनुवाद व्यवस्था है, अतः आप इच्छित भाषा में मेरे लेखों का अनुवाद पढ़ सकते हैं।

मेरे जोखिम प्रबधन जागरूकता ब्लॉग का लिंक नीचे दिया है।

आपको जागरूकता लेख कैसे लगे, कृपया टिप्पणी करें। आपके सुझाव आमंत्रित हैं।

सादर,
केशव राम सिंघल 

जोखिम प्रबंधन जागरूकता ब्लॉग के लिंक के लिए क्लिक करें।

 


गुरुवार, 10 नवंबर 2022

विश्व गुणता दिवस

विश्व गुणता दिवस

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विश्व गुणता दिवस हर साल नवंबर के दूसरे गुरुवार को मनाया जाता है। इस साल यह आज 10 नवंबर 2022 को है।

 

विश्व गुणता दिवस को नवाचार, विकास और स्थिरता के सुधार को मजबूत करने के लिए राष्ट्रों और संगठनों में पेशेवर जिम्मेदारियों और कार्यों के गुणता प्रदर्शन के महत्व और जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से प्रारम्भ किया गया था। इस दिन का उद्देश्य गुणता जागरूकता बढ़ाना और आर्थिक समृद्धि की उपलब्धि और उच्च गुणता मानकों को अपनाने के लिए व्यक्तियों और संस्थाओं को सहायता प्रदान करना है।

 

हर साल विश्व गुणता दिवस का विषय (theme) चार्टर्ड क्वालिटी इंस्टीट्यूट (C.Q.I.) द्वारा तय की जाती है। इस वर्ष का विषय "गुणवत्ता विवेक: सही काम करना" है।

 






सभी को बधाई और शुभकामनाएँ,

केशव राम सिंघल

गुणता = गुणवत्ता = Quality

सोमवार, 7 नवंबर 2022

गुणता माह 2022 का विषय - गुणता विवेक: सही काम करना

गुणता माह 2022 का विषय - गुणता विवेक: सही काम करना

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विश्व गुणता दिवस - 10 नवंबर 2022

विश्व गुणता सप्ताह - 7 से 11 नवंबर 2022

विश्व गुणता माह - नवंबर 2022

 







गुणता माह 2022 का विषय - गुणता विवेक: सही काम करना

 

(1) "गुणता विवेक" सही और गलत, अच्छे और बुरे के बारे में जागरूक होने की स्थिति है।

 

(2) गुणता विवेक को देखने का एक और तरीका है 'गुणता चेतना', जो तब होता है जब लोग मानकों (standards) के बारे में जानते हैं और यह जानते हैं कि वे क्या हासिल करने की कोशिश कर रहे हैं।

 

(3) गुणता चेतना की संस्कृति वह है जिसमें कर्मचारी अपने दिन-प्रतिदिन के कार्य में गुणता के महत्व से अवगत होते हैं।

 

(4) गुणता चेतना की संस्कृति सर्वोत्तम संभव सेवा या उत्पाद प्रदान करने की इच्छा है।

 

(5) गुणता चेतना की संस्कृति के प्रति जागरूकता निरंतर प्रशिक्षण और विकास के साथ-साथ एक सहायक कार्य वातावरण के माध्यम से प्राप्त की जा सकती है।


 



आइए हम अपने जीवन के हर चरण में "गुणता विवेक: सही काम करने" को बढ़ावा दें। यह निश्चित रूप से हमारे जीवन की गुणता में सुधार करेगा।

 

शुभकामनाएँ,

केशव राम सिंघल

 

गुणता = गुणवत्ता = Quality

रविवार, 6 नवंबर 2022

गुणवत्ता माह

गुणवत्ता माह

विश्व गुणवत्ता दिवस - 10 नवंबर 2022
विश्व गुणवत्ता सप्ताह - 7 से 11 नवंबर 2022
विश्व गुणवत्ता माह - नवंबर 2022









दुनिया भर की संस्थाएँ नवंबर माह को गुणवत्ता माह के रूप में मनाते हैं। गुणवत्ता माह मनाने का उद्देश्य संस्था में गुणवत्ता जागरूकता के स्तर को बढ़ाना और गुणवत्ता पेशेवरों के प्रयासों और योगदान को मान्यता देना है।
यह उत्सव संस्था और उसके लोगों ने हाल के दिनों में हासिल की गई सफलता का जश्न मनाने का एक अवसर भी है। यह उत्सव उन लोगों, विचारों और उपकरणों को एक साथ लाता है जो हमारी दुनिया को बेहतर बनाते हैं।








2022 विश्व गुणवत्ता सप्ताह (#WQW22) का विषय "गुणवत्ता विवेक: सही काम करना" है। हम समूह के सदस्यों से इस विषय पर बैनर, पोस्टर, स्लोगन, कविता पोस्ट करने का अनुरोध करते हैं।
शुभकामनाएँ,
केशव राम सिंघल

चित्र साभार - इंटरनेट खोज

रविवार, 23 अक्टूबर 2022

गुणवत्ता की चुनौती

गुणवत्ता की चुनौती

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गुणवत्ता की चुनौती आयी स्वीकार करो

क्या कमी रह गई देखो और सुधार करो !

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गुणवत्ता प्रबंध प्रणाली लागू करो

प्रणाली सुधार से कभी भी ना डरो !

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प्रक्रिया सोच सहित गुणवत्ता प्रबंध के सात सिद्धांत अपनाओ

साथ ही सही व्यवस्था के लिए योकजाका* सदा अपनाओ !

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ग्राहक संतुष्टि पर सदा रखो अपना ध्यान

अपनी टीम को हरदम दो गुणवत्ता ज्ञान !

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गुणवत्ता को अपनाना है

भारत को आत्मनिर्भर बनाना है !

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- केशव राम सिंघल

*योकजाका (PDCA) = योजना बनाओ (P), करो योजनानुसार (D), जाँचो किया काम (C), कार्रवाई करो जाँच परिणाम पर (A) = PDCA

शब्दावली

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गुणवत्ता = गुणता = Quality 

सुधार = Improvement

प्रबंध = Management

प्रणाली = पद्धति = व्यवस्था = System

सिद्धांत = Principle

व्यवस्था = System

ग्राहक = Customer

संतुष्टि = Satisfaction