Saturday, January 28, 2017

#03 - आईएसओ 9001:2015 गुणवत्ता प्रबंध प्रणाली जागरूकता


#03 - आईएसओ 9001:2015 गुणवत्ता प्रबंध प्रणाली जागरूकता

आईएसओ 9001:2015 - प्रमुख विशेष परिवर्तन

- नया संस्करण सात गुणवत्ता प्रबंधन सिद्धांतों पर विकसित हुआ है, जबकि पुराना संस्करण आठ गुणवत्ता प्रबंधन सिद्धांतों पर विकसित हुआ था.
- नए संस्करण में दस खंड (धाराएं) हैं, जबकि पुराने संस्करण में आठ खंड (धाराएं) हैं.
- नया संस्करण किसी अनिवार्य प्रक्रियाओं का उल्लेख नहीं करता, बल्कि यह कुछ प्रलेखित जानकारियों को पोषित रखने और प्रतिधारित करने आवश्यकता का उल्लेख करता है.
- 'दस्तावेज' और 'अभिलेख' पदों के स्थान पर नए संस्करण में 'प्रलेखित जानकारी' पद आया है.
- आईएसओ निर्देशों के अनुबंध में उच्च स्तरीय संरचना के अंगीकरण को नए संस्करण में स्वीकार किया गया है.
- प्रक्रिया सोच (अभिगम) की समझ और उपयोग को समर्थन और बढ़ावा देने के लिए 'जोखिम आधारित सोच' की स्थापना और परिचय.
- प्रक्रिया सोच (अभिगम) और अधिक शक्तिशाली और स्पष्ट हुआ है.
- 'जोखिम आधारित सोच' की स्थापना और परिचय के साथ अब निवारक कार्रवाई की अवधारणा पूरे मानक में जोखिम की पहचान और शमन द्वारा संबोधित की गयी है.
- नया संस्करण ग्राहक और उत्पाद/सेवा अनुपालन (अनुरूपता) पर अधिक केन्द्रित है.
- खरीद और बाह्यस्रोत के स्थान पर बाह्य रूप से उपलब्ध कराए गए उत्पादों और सेवाओं का नियंत्रण.
- नए संस्करण में कम आदेशात्मक अपेक्षाएँ.
- प्रलेखन के साथ अधिक से अधिक लचीलापन.
- सेवाओं और गैर विनिर्माण उपयोगकर्ताओं के लिए प्रयोज्यता सुधार.
- गुणवत्ता प्रबंधन प्रणाली के लिए सीमाओं को परिभाषित करने की आवश्यकता.
- संस्था के प्रसंग की स्पष्ट समझ पर जोर.
- नेतृत्व की भूमिका पर अधिक जोर.
- सुधार के लिए अवसरों की तलाश पर अधिक जोर.

शब्दावली

सिद्धांत = Principle
खंड (धारा) = Clause
अनिवार्य प्रक्रियाओं = Mandatory procedures
पोषित करना = Maintain
प्रतिधारित करना = Retain
दस्तावेज = Documents
अभिलेख = Record
प्रलेखित जानकारी = Documented information
प्रक्रिया सोच (अभिगम) = Process approach
जोखिम आधारित सोच = Risk based thinking
निवारक कार्रवाई = Preventive action
खरीद और बाह्यस्रोत = Purchasing and outsourcing
बाह्य रूप से उपलब्ध कराए गए उत्पादों और सेवाओं का नियंत्रण = Control of externally provided products and services
प्रयोज्यता = Applicability
सीमाओं = Boundaries
संस्था के प्रसंग = Context of the organization

- केशव राम सिंघल


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